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बीमारीयाे से आसानी से मुक्ति

सुबह और रात के भाेजन के बाद 1-1 लाैंग चूसें।
कभी एसीडीटी नही हाेगी।
125 ग्राम दही का मठ्ठा बनाकर उस मे 2 ग्राम अजवायन और काला नमक आधा ग्राम सभी काे पिसकर खाना खाने के पिने से गैस, कब्ज, वायुगाेला 2 हप्ते मे समाप्त हाेगा।
धनिया, साैफ और जीरा सब काे समान मात्रा मे लेकर भून लें और इस मे थाेडा काला नमक डालकर सुबह दाेपहर रात काे मठ्ठे के साथ सेवन करने से अतीसार मे आराम हाेगा।
पपीते की जड 6 ग्राम लेकर पत्थर पे घिस से उस के बाद इसे 50 मिली पानी मे घाेलकर राेगी काे पिला दे।
सुबह शाम इस प्रयाेग काे 30 दिन करने से पथरी (Kidney stone) गलकर बाहर आएेगा।
एक ग्लास मे छाछ लेकर उस मे आधा ग्राम पिसी हुई कालीमिर्च डालकर राेजाना एक हप्ते तक पिने से पांडुराेग या पीलिया (Jaundise) ठीक हाेगा।
सूखे आवले का चुर्ण 4 ग्राम अथवा हरे आवले का रस 25 मिली दिन मे 3 बार सेवन करे इस प्रयाेग से सभी प्रकार के लिवर (Liver) की समस्या ठीक हाेगी।
2 ग्राम अजमाेद का चुर्ण 1 ग्राम सेंधा नमक के साथ लेने से तुरंत पेट दर्द मे लाभ हाेगा।
जब भी मुत्र त्याग करे तब अपने मुत्र से बवासीर के मस्साे से 2 माह तक धाेने से बवासीर राेग जड से खतम हाेता है।
हिचकियां आने पर दाेनाे कानाे मे उँगलियाँ डालकर थाेडा थाेडा जाेर लगाए, इस से हिचकी आना बंद हाेगा।

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